नेपाली युवकों को स्मैक तस्करी करने वाले गिरोह का मुख्य सरगना गिरफ्तार

■नेपाली युवकों को स्मैक तस्करी करने वाले गिरोह का मुख्य सरगना गिरफ्तार
■तीनों अभियुक्तों के कब्जे से लगभग 62 ग्राम स्मैक बरामद

■नानकमत्ता। थाना नानकमत्ता पुलिस ने एक बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने लगभग 62 ग्राम स्मैक के साथ तीन अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है। जिनमें से 02 नेपाली मूल के तस्कर भी शामिल है।
पुलिस के अनुसार, नानकमत्ता पुलिस टीम ने पंचायत चुनाव के आधार पर कार्रवाई करते हुए लखविंदर सिंह उर्फ लक्की पुत्र कुलवंत सिंह निवासी बिजली कॉलोनी, सिद्धा नवदिया, थाना नानकमत्ता, जिला ऊधम सिंह नगर और गणेश बहादुर बिष्ट पुत्र वीर बहादुर बिष्ट निवासी वेद कोट नगर पालिका 10 कंचनपुर चौकी देइजी आँचल जिला-कंचनपुर, महाकाली अंचल, नेपाल और अनिल कठैत पुत्र तिलक कठैत निवासी उपरोक्त को नानक सागर बैराज पार डैम किनारे वाटर स्कोर्स तिराहे पर से 17 जुलाई की रात गिरफ्तार किया। पूछताछ में नेपाली मूल के दोनों अभियुक्तों द्वारा बताया कि हम लोग नेपाल नानकमत्ता में लखविंदर सिंह से स्मैक खरीदने के लिए आये थे
अभियुक्तों के कब्जे से एक सफेद रंग की बिना नंबर प्लेट कार जो अभियुक्त लखविंदर ने अपनी होनी बताई। इसके अलावा स्कूटी जिस पर नेपाली रजिस्ट्रेशन वाली नंबर प्लेट लगी है तथा लगभग 5000 की नेपाली मुद्रा व 2000 भारतीय मुद्रा भी बरामद की गई है।
एसएसपी उधम सिंह नगर को स्पेशल ब्रांच, नेपाल सीमा से अभियुक्त सुखदेव और उसके भाई लखविंदर के खिलाफ शिकायतें मिली थीं। शिकायत में बताया गया था कि ये लोग नेपाली मूल के युवाओं को स्मैक बेच रहे हैं।
इस मामले में, स्पेशल ब्रांच के अधिकारियों ने भी गिरफ्तार अभियुक्तों से गहन पूछताछ की है। साथ ही, नेपाल की पुलिस को भी इस कार्रवाई के बारे में सूचित कर दिया गया है।
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, गिरफ्तार अभियुक्त लखविंदर पहले भी दो बार एनडीपीएस अधिनियम के तहत जेल जा चुका हैं।
अभियुक्त लखविंदर की संपत्ति की जांच भी की जाएगी । 10 जुलाई 2025 को गिरफ्तार अभियुक्त लखविंदर के भाई सुखदेव को नेपाली तस्कर के साथ नानकमत्ता पुलिस ने एनडीपीएस एक्ट में गिरफ्तार कर जेल भेजा था।
गिरफ्तार अभियुक्त लखविंदर और उसके भाई सुखदेव की संपत्ति की जांच भी की जाएगी।
पुलिस टीम –
उप निरीक्षक राजेंद्र पंत , उप निरीक्षक मनोज जोशी, कांस्टेबल गिरीश चन्द्र, कांस्टेबल नवीन जोशी ,कांस्टेबल प्रकाश आर्य, कांस्टेबल राजकुमार








