सितारगंज में विशेषज्ञ चिकित्सा शिविर में 969 लोगों की स्क्रीनिंग

■सितारगंज में विशेषज्ञ चिकित्सा शिविर में 969 लोगों की स्क्रीनिंग
■नॉन कम्युनिकेबल रोगों की जांच से लेकर टीबी स्क्रीनिंग और आयुष्मान कार्ड तक की सुविधा, 483 महिलाओं समेत 969 लोगों को मिला स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ

■✍🏻नारायण सिंह रावत
■सितारगंज। उप जिला चिकित्सालय सितारगंज में बृहस्पतिवार को आयोजित विशेषज्ञ चिकित्सा शिविर में बड़ी संख्या में लोगों ने स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ उठाया। शिविर में कुल 969 लोगों की स्क्रीनिंग की गई। इनमें 486 पुरुष और 483 महिलाएं शामिल रहीं। शिविर में गैर-संचारी रोगों (एनसीडी) की जांच, मातृ एवं किशोर स्वास्थ्य सेवाएं, टीबी स्क्रीनिंग, आयुष्मान भारत योजना, रक्त नमूना संग्रह और विभिन्न प्रयोगशाला जांच की सुविधा उपलब्ध कराई गई।
शिविर का उद्देश्य लोगों को उनके नजदीक विशेषज्ञ स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के साथ बीमारियों की प्रारंभिक अवस्था में पहचान कर समय पर उपचार से जोड़ना रहा। चिकित्सकों और स्वास्थ्य विभाग की टीम ने मरीजों की जांच कर आवश्यक परामर्श दिया और जरूरत के अनुसार आगे की जांच एवं उपचार के लिए मार्गदर्शन किया।
●161 लोगों की हुई हाइपरटेंशन-डायबिटीज जांच
शिविर में एनसीडी स्क्रीनिंग के तहत 89 पुरुष और 72 महिलाओं की हाइपरटेंशन तथा डायबिटीज की जांच की गई। इसी संख्या में ओरल कैंसर की स्क्रीनिंग भी की गई। इसके अलावा 72 महिलाओं की सर्वाइकल कैंसर की जांच हुई। स्तन कैंसर की स्क्रीनिंग के लिए कोई लाभार्थी दर्ज नहीं किया गया। संभावित जोखिम वाले मरीजों को आगे की जांच और उपचार के लिए परामर्श दिया गया।
●गर्भवती महिलाओं और किशोरियों को भी मिली सेवाएं
मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं के तहत दो नए एएनसी चेकअप और चार फॉलोअप एएनसी चेकअप किए गए। दो गर्भवती महिलाओं की एएनसी जांच की गई और दो लाभार्थियों को एमसीपी कार्ड वितरित किए गए। दो महिलाओं को मासिक धर्म स्वच्छता संबंधी परामर्श दिया गया। 10 से 19 वर्ष आयु वर्ग में एक किशोर-किशोरी को एचपीवी टीकाकरण भी किया गया।
●50 लोगों की टीबी स्क्रीनिंग
राष्ट्रीय क्षय उन्मूलन कार्यक्रम के तहत 50 लोगों की टीबी स्क्रीनिंग की गई। इनमें 29 पुरुष और 21 महिलाएं शामिल थीं। संभावित लक्षण वाले लोगों को आवश्यक जांच और उपचार के लिए स्वास्थ्य केंद्र से संपर्क करने की सलाह दी गई। निक्षय पोर्टल पर पंजीकृत लाभार्थियों की संख्या शून्य रही।

●37 लोगों का आयुष्मान में पंजीकरण
शिविर में आयुष्मान भारत योजना के तहत 37 लाभार्थियों का पंजीकरण किया गया। इनमें 12 पुरुष और 25 महिलाएं शामिल हैं। वहीं, दो लोगों के आयुष्मान कार्ड जारी किए गए। इनमें एक पुरुष और एक महिला शामिल हैं। पात्र लोगों को योजना के तहत मिलने वाली कैशलेस स्वास्थ्य सेवाओं की जानकारी भी दी गई।
●116 लोगों की एचबी और एलएफटी जांच
प्रयोगशाला जांच के लिए भी बड़ी संख्या में रक्त के नमूने लिए गए। 116 लोगों की एचबी जांच की गई, जिनमें 65 पुरुष और 51 महिलाएं शामिल थीं। इतने ही लोगों की एलएफटी जांच हुई। वहीं 39 लोगों की आरएफटी जांच की गई, जिनमें 18 पुरुष और 21 महिलाएं थीं। लिपिड प्रोफाइल जांच के लिए कोई लाभार्थी दर्ज नहीं किया गया।
●50 लोगों को स्वास्थ्य और पोषण का परामर्श
शिविर में 50 लोगों को स्वास्थ्य एवं पोषण संबंधी परामर्श दिया गया। लोगों को संतुलित आहार, व्यक्तिगत स्वच्छता, स्वस्थ जीवनशैली, रोगों से बचाव और नियमित स्वास्थ्य जांच के महत्व की जानकारी दी गई। रक्तदान और दिव्यांगता प्रमाणपत्र के लिए भी व्यवस्था की गई थी, हालांकि इन सेवाओं में कोई लाभार्थी दर्ज नहीं हुआ।
स्वास्थ्य विभाग की टीम ने बताया कि विशेषज्ञ शिविर के माध्यम से लोगों को एक ही स्थान पर विभिन्न स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराई गईं। शिविर में रोगों की समय से पहचान, जांच और आवश्यक उपचार के लिए मरीजों को उचित मार्गदर्शन दिया गया।



